बिलासपुर। स्वामी विवेकानंद जी की जयंती, जिसे पूरे देश में राष्ट्रीय युवा दिवस के रूप में मनाया जाता है, के पावन अवसर पर दिल्ली IAS एकेडमी ने अपने स्थापना के 19 वर्ष पूर्ण होने का उत्सव अत्यंत उत्साह, गरिमा और प्रेरणादायी वातावरण में मनाया। इस अवसर पर युवाओं में स्वास्थ्य, अनुशासन, सकारात्मक सोच और लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश देने के उद्देश्य से प्रातःकाल “युवाथान मैराथन” का भव्य आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत एकेडमी के 19वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में केक काटकर की गई। इसके बाद मुख्य अतिथि अपर आयुक्त खजांची कुम्हार एवं विशिष्ट अतिथि संस्थान के संस्थापक सौरभ चतुर्वेदी की माता प्रमिला चतुर्वेदी द्वारा हरी झंडी दिखाकर युवाथान मैराथन को रवाना किया गया। मैराथन में दिल्ली IAS एकेडमी के छात्र-छात्राओं ने बड़ी संख्या में भाग लेकर अपने उत्साह, अनुशासन और खेल भावना का परिचय दिया।
अतिथियों ने युवाओं का बढ़ाया उत्साह
मुख्य अतिथि अपर आयुक्त खजांची कुम्हार ने कहा कि स्वामी विवेकानंद के विचार आज भी युवाओं के लिए मार्गदर्शक हैं। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर और स्थिर मन ही सफलता की कुंजी है। ऐसे आयोजनों से युवाओं में न केवल शारीरिक मजबूती आती है, बल्कि आत्मविश्वास, टीम भावना और प्रतिस्पर्धात्मक सोच भी विकसित होती है। विशिष्ट अतिथि प्रमिला चतुर्वेदी ने युवाओं की सक्रिय भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि यही ऊर्जा राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है।
मैराथन में दिखी जबरदस्त प्रतिस्पर्धा
युवाथान मैराथन में प्रतिभागियों ने पूरे जोश के साथ दौड़ लगाई। प्रतियोगिता में पुरुष एवं महिला वर्ग के लिए अलग-अलग परिणाम घोषित किए गए।
पुरुष वर्ग में अंकित कुमार ने प्रथम स्थान, भूषण प्रताप ने द्वितीय स्थान एवं कृष्ण यादव ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। वहीं महिला वर्ग में ओम साहू ने प्रथम, सरगम चौहान ने द्वितीय एवं मोनिश पटेल ने तृतीय स्थान हासिल किया। सभी विजेताओं को संस्थान की ओर से क्रमशः 3100 रुपये, 2100 रुपये एवं 1100 रुपये की नगद राशि, मेडल एवं ट्रॉफी प्रदान कर सम्मानित किया गया।
योग और ध्यान का महत्व बताया
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अपर आयुक्त खजांची कुम्हार ने छात्रों को योग एवं मेडिटेशन के महत्व से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान मानसिक तनाव स्वाभाविक है, लेकिन योग और ध्यान के माध्यम से एकाग्रता, स्मरण शक्ति और मानसिक संतुलन को बेहतर बनाया जा सकता है। उन्होंने छात्रों से नियमित योग और ध्यान को अपनी दिनचर्या में शामिल करने की अपील की।
युवा शक्ति ही राष्ट्र की असली पूंजी
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए दिल्ली IAS एकेडमी के प्रमुख सौरभ चतुर्वेदी ने स्वामी विवेकानंद के विचारों को स्मरण करते हुए कहा कि “उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति न हो”—यह संदेश आज के युवाओं के लिए सबसे अधिक प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति ही देश की असली पूंजी है और ऐसे आयोजन युवाओं को अनुशासित, लक्ष्यनिष्ठ और जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रेरणा देते हैं।
आभार एवं धन्यवाद ज्ञापन
कार्यक्रम के अंत में दिल्ली IAS एकेडमी की मुख्य प्रबंधक विद्या चतुर्वेदी एवं कार्यकारी निदेशक नवनीत सिंह राठौर ने मुख्य अतिथियों, जिला प्रशासन, चिकित्सा विभाग, पुलिस प्रशासन, यातायात विभाग तथा आयोजन में सहयोग करने वाले सभी कर्मचारियों, सहयोगियों और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
दिल्ली IAS एकेडमी द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम न केवल एक उत्सव रहा, बल्कि युवाओं के लिए प्रेरणा, अनुशासन और राष्ट्र निर्माण के संकल्प का सशक्त संदेश बनकर सामने आया।

