रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 31.99 लाख रुपये नकद, मोबाइल और नोट गिनने की मशीन जब्त
दो आरोपी गिरफ्तार, तीन फरार आरोपियों की तलाश जारी, ‘ऑपरेशन अंकुश’ के तहत लगातार कार्रवाई
रायगढ़। आईपीएल फाइनल मुकाबले के दौरान ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित करने वाले एक बड़े सट्टा सिंडिकेट का रायगढ़ पुलिस ने पर्दाफाश किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन अंकुश’ के तहत साइबर थाना और खरसिया चौकी पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमार कार्रवाई करते हुए दो सटोरियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 31 लाख 99 हजार 700 रुपये नकद, दो मोबाइल फोन तथा एक नोट गिनने की मशीन जब्त की है।
पुलिस के अनुसार आईपीएल फाइनल मैच गुजरात टाइटंस (जीटी) और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के बीच खेले जा रहे मुकाबले पर बड़े पैमाने पर ऑनलाइन सट्टा खिलाए जाने की सूचना मुखबिर से प्राप्त हुई थी। सूचना को गंभीरता से लेते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी, नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा तथा एसडीओपी खरसिया प्रभात पटेल के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित कर गंज बाजार क्षेत्र में एक साथ दबिश दी गई।
गंज बाजार से पकड़े गए दो सटोरिये
छापेमारी के दौरान पुलिस ने गंज बाजार निवासी गगन अग्रवाल और शुभम अग्रवाल उर्फ कालू को मौके से गिरफ्तार किया। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित करने की बात स्वीकार की। आरोपियों ने बताया कि वे स्थानीय लोगों से नकद राशि लेकर ऑनलाइन माध्यम से सट्टा संचालित करते थे।
पुलिस पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी रिकेश राय, अर्जुन राठौर और साहिल अग्रवाल के साथ मिलकर संगठित रूप से सट्टा सिंडिकेट चला रहे थे। आरोपियों ने बताया कि साहिल अग्रवाल सट्टे की रकम को अपने व्यवसाय में खपाकर कमीशन के रूप में लाभ अर्जित करता था।

मोबाइल से मिले ऑनलाइन सट्टे के साक्ष्य
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से एक वनप्लस नॉर्ड और एक सैमसंग गैलेक्सी मोबाइल फोन बरामद किया गया। जांच के दौरान मोबाइल में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे से संबंधित आईडी, लेन-देन और अन्य तकनीकी साक्ष्य मिले हैं, जिन्हें पुलिस ने जब्त कर लिया है।
घर से बरामद हुई 31.99 लाख रुपये की नकदी
आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस टीम एसबीआई बैंक के पीछे स्थित गोपाल राइस मिल कॉलोनी में साहिल अग्रवाल के निवास पर पहुंची। पुलिस की मौजूदगी देखकर साहिल अग्रवाल मौके से फरार हो गया, लेकिन दो बैग और नोट गिनने की मशीन वहीं छोड़ गया।
साहिल के पिता मुकेश अग्रवाल तथा स्वतंत्र गवाहों की उपस्थिति में बैगों की तलाशी ली गई, जिसमें 500, 200, 100 और 50 रुपये के नोटों के रूप में कुल 31 लाख 99 हजार 700 रुपये नकद बरामद हुए। इतनी बड़ी राशि के संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर पुलिस ने रकम जब्त कर ली।
संगठित अपराध की धाराओं में मामला दर्ज
प्रारंभिक जांच में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के लिए संगठित गिरोह संचालित करने के प्रमाण मिलने पर गगन अग्रवाल, शुभम अग्रवाल, रिकेश राय, अर्जुन राठौर और साहिल अग्रवाल के विरुद्ध छत्तीसगढ़ राज्य जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 7 तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 112(2) एवं 3(5) के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
फिलहाल पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि फरार आरोपी साहिल अग्रवाल, रिकेश राय एवं अर्जुन राठौर की तलाश जारी है।
गगन अग्रवाल का रहा है आपराधिक रिकॉर्ड
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी गगन अग्रवाल का पूर्व में भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। इसी वर्ष मार्च माह में थाना चक्रधरनगर क्षेत्र में ऑनलाइन सट्टे के मामले में उसके खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है।
एसएसपी का सख्त संदेश
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा कि ‘ऑपरेशन अंकुश’ के तहत जिले में ऑनलाइन सट्टेबाजी और जुए के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सट्टा कारोबार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और सभी के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
इनकी रही विशेष भूमिका
कार्रवाई में चौकी प्रभारी खरसिया निरीक्षक त्रिनाथ त्रिपाठी, सहायक उप निरीक्षक नंद कुमार सारथी, ज्योत्सना शर्मा, महिला प्रधान आरक्षक रेणु मंडावी, प्रधान आरक्षक बृजलाल गुर्जर तथा आरक्षक प्रशांत पंडा, पुष्पेंद्र जाटवर, गोविंद पटेल, रविंद्र गुप्ता, नवीन शुक्ला, धर्मेंद्र सिंह, मनोज पटनायक, साविल चंद्रा एवं कीर्ति सिदार की सराहनीय भूमिका रही।

